रैंप से रील तक: प्रीत दत्ता की नई उड़ान
कैमरे के सामने प्रीत दत्ता का नया अवतार
मॉडलिंग की ऊंचाइयों से अभिनय के सफर तक: प्रीत दत्ता
मुंबई (अनिल 'बेदाग'): आत्मविश्वास से रैंप पर चलना, कैमरे के सामने सहजता से पोज़ देना और फैशन जगत में अपनी एक अलग पहचान बनाना, प्रीत दत्ता अब अपने करियर के एक नए और चुनौतीपूर्ण दौर में कदम रख रही हैं। 200 से अधिक फैशन शो, रैंप वॉक, फैशन वीक और कई मॉडलिंग इवेंट्स में भाग लेने के बाद, प्रीत बड़े पर्दे पर एक अभिनेत्री के रूप में अपनी नई पारी शुरू करने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। यह सफर सिर्फ एक मॉडल से अभिनेत्री बनने की कहानी नहीं है—यह एक ऐसी कलाकार की कहानी है जिसने कड़ी मेहनत, धैर्य और अटूट आत्मविश्वास से अपने सपनों को साकार किया है।
मॉडलिंग जगत में लगातार अपनी पहचान बनाते हुए, प्रीत दत्ता ने प्रिंट कैंपेन, कैलेंडर और मैगज़ीन शूट के ज़रिए यह साबित कर दिया है कि वह सिर्फ़ एक खूबसूरत चेहरा ही नहीं, बल्कि एक सशक्त और आत्मविश्वासी कलाकार भी हैं। राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान हासिल करने के बाद, अब उनका लक्ष्य अभिनय के माध्यम से अपने रचनात्मक दायरे को बढ़ाना और व्यापक दर्शकों तक पहुंचना है।
उनकी पहली बंगाली फिल्म जल्द ही रिलीज होने वाली है। शूटिंग लगभग पूरी हो चुकी है और प्रोजेक्ट फिलहाल पोस्ट-प्रोडक्शन स्टेज में है। इसके साथ ही, प्रीत बॉलीवुड में कदम रखने की तैयारी कर रही हैं और फिल्मों, शॉर्ट फिल्मों और वेब सीरीज के जरिए इस नए सफर की शुरुआत करना चाहती हैं।
प्रीत का अभिनय के प्रति झुकाव बचपन से ही था। कोलकाता की मूल निवासी, उनके दादाजी दिग्गज फिल्म निर्माता सत्यजीत रे की फिल्मों में संपादक के रूप में काम करते थे। वे अक्सर उन्हें सिनेमा की तकनीकी बारीकियों से परिचित कराते थे और इस कला को समझने के लिए प्रोत्साहित करते थे। प्रीत कभी-कभी बाल कलाकार के रूप में डबिंग और छोटे-मोटे दृश्यों में भी भाग लेती थीं, जिससे धीरे-धीरे उनका अभिनय की दुनिया से जुड़ाव बढ़ता गया। शुरुआत में, उनका परिवार उनके अभिनेत्री बनने को लेकर संशय में था। हालांकि, जब उन्होंने शीर्ष पांच मॉडलों में स्थान प्राप्त किया और उनका नाम और तस्वीरें टाइम्स ऑफ इंडिया जैसे प्रमुख प्रकाशनों में छपीं, तो उनकी प्रतिभा पर उनका विश्वास और भी मजबूत हो गया।
अभिनय की प्रेरणा की बात करें तो प्रीत दत्ता अभिनेत्री सुष्मिता सेन की बहुत बड़ी प्रशंसक हैं। वह संजय लीला भंसाली, अनुराग बसु, इम्तियाज अली, करण जौहर और आदित्य धर जैसे फिल्म निर्माताओं की भी प्रशंसक हैं और एक दिन उनकी फिल्मों में काम करने का सपना देखती हैं। उन्हें विशेष रूप से ग्रे शेड्स वाले दमदार किरदार पसंद हैं। प्रियंका चोपड़ा की फिल्म 'मैरी कॉम' और कंगना रनौत की फिल्म 'फैशन' में उनके सशक्त अभिनय ने उन पर गहरा प्रभाव छोड़ा है। प्रीत का मानना है कि अगर उन्हें ऐसे ही चुनौतीपूर्ण किरदार दिए जाएं, तो वह अपनी गहराई, ताकत और व्यक्तित्व से उन्हें पर्दे पर जीवंत कर सकती हैं।
बंगाल की रानी की उपाधि से सम्मानित प्रीत दत्ता आज आत्मनिर्भरता, साहस और स्वतंत्र सोच की प्रतीक हैं। युवाओं के लिए उनका संदेश भी उतना ही सशक्त है—खुद पर भरोसा रखें, दबाव में आकर कभी निर्णय न लें और आत्मसम्मान और आत्मविश्वास के साथ अपने सपनों की ओर आगे बढ़ें।
प्रीत दत्ता अब महज एक सफल मॉडल या उभरती हुई अभिनेत्री नहीं हैं; वह आत्मविश्वास, दृढ़ता और स्वतंत्र महत्वाकांक्षा का प्रतीक हैं—ये ऐसे गुण हैं जो स्पष्ट रूप से दर्शाते हैं कि उनमें आने वाले समय में एक सशक्त और प्रभावशाली अभिनेत्री बनने की क्षमता है।
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